हाईकोर्ट ने याचिका खारिज की, सरकार का 45,000 वर्गमीटर जमीन लेने का रास्ता साफ
शब्द अग्नि न्यूज़ । अहमदाबाद। आसाराम का अहमदाबाद स्थित आश्रम टूटेगा। गुजरात हाईकोर्ट ने गुरुवार को मोटेरा आश्रम ट्रस्ट की तरफ से दायर याचिका खारिज कर दी। इस याचिका में शहर के मोटेरा इलाके में स्थित भूखंड को खाली कराने की सरकारी कार्रवाई को चुनौती गई थी।
कोर्ट के फैसले से राज्य सरकार के लिए आश्रम की जमीन अपने कब्जे में लेने का रास्ता साफ हो गया है। आश्रम की 45,000 वर्ग मीटर से ज्यादा की जमीन पर 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए स्पोट्र्स कॉम्प्लेक्स बनाया जाना है। वर्तमान में इस जमीन की मार्केट वैल्यू 500 करोड़ रुपए से ज्यादा की है। गुजरात हाईकोर्ट की जस्टिस वैभवी नानावटी ने इस मामले में सुनवाई की। कोर्ट ने गुरुवार को अपने आदेश में कहा कि आश्रम में नियमों का उल्लंघन हुआ। उस जगह अब विकास परियोजना की जरूरत भी है, इसलिए सरकार की मांग सही है। इस फैसले के बाद अहमदाबाद नगर निगम कभी भी आश्रम में बने अवैध निर्माणों को हटाने की कार्रवाई शुरू कर सकता है।
आश्रम में 32 अवैध निर्माण थे
राज्य सरकार की ओर से पेश हुए सीनियर पब्लिक प्रॉसीक्यूटर जीएच विर्क ने कोर्ट को बताया कि यह जमीन दशकों पहले सीमित धार्मिक उपयोग के लिए दी गई थी। लेकिन, धीरे-धीरे इसका विस्तार होता चला गया। जबकि, भूमि आवंटन की शर्तों के अनुसार इसका व्यावसायिक उपयोग, अनधिकृत निर्माण और बिना अनुमति विस्तार प्रतिबंधित था। आश्रम परिसर में करीब 32 अवैध स्ट्रक्चर बना लिए गए, जो कानूनी सीमाओं से बाहर हैं। उन्होंने बताया कि अहमदाबाद म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन (एएमसी) ने आश्रम को कई बार नोटिस भेजे थे। इसके बाद 21 जनवरी 2026 को नगर निगम ने आश्रम का आवेदन भी खारिज कर दिया था।
Author: Shabd Agni
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