शब्द अग्नि न्यूज़। इंदौर सहित देशभर में डांसिंग कॉप के नाम से जाने वाले चर्चित ट्रैफिक पुलिसकर्मी रंजीत सिंह को महिला द्वारा लगाए गए आरोपों के मामले में सजा मिली है। पुलिस विभाग द्वारा उन पर कार्रवाई करते हुए उन्हें कार्यवाहक प्रधान आरक्षक से वापस आरक्षक बना दिया गया है।
कार्यवाहक प्रधान आरक्षक 146 रंजीत सिंह वर्तमान पदस्थापना रक्षित केंद्र इंदौर को विभागीय कार्रवाई के आधार पर उच्च पद प्रधान आरक्षक का कार्यवाहक प्रभार वापस लेते हुए मूल पद आरक्षक पर वापस किया गया है। इस मामले में पुलिस विभाग एडिशनल डीसीपी राजेश दंडोतिया के कार्यालय से मीडिया को जानकारी साझा की गई है।
रंजीत के ऊपर मुंबई की एक महिला ने आरोप लगाए थे। जिसमें उन पर अश्लील चेटिंग करने और इंदौर आकर मिलने की बात कही थी। इसके बाद रंजीत को ड्यूटी से हटाकर लाइन में सेवा देने भेजा गया था। इसके बाद मुख्यालय डीसीपी को उनकी जांच सौंपी गई थी। रंजीत ने डांसिंग जवान को लेकर देशभर में अपनी पहचान बनाई है। कई राज्यों में वह ट्रैफिक संभालने भी गए हैं। वहीं फेसबुक और इंस्ट्राग्राम पर भी उनके लाखों फॉलोअर हैं। उन्हें लेकर हाईकोर्ट जज भी सराहनीय टिप्पणी कर चुके हैं। डांसिंग कॉप हवलदार रंजीत सिंह पर राधिका सिंह नाम से इंस्टाग्राम आईडी चलाने वाली युवती ने गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने एक वीडियो वायरल कर कहा है कि ट्रैफिक का सिपाही जो काफी फेमस है। उसने दोस्ती करने के लिए मैसेज किए। इंदौर आने की बात कही। युवती को रंजीत का इस तरह का मैसेज अच्छा नहीं लगा। चर्चित ट्रैफिक पुलिस कॉन्स्टेबल रंजीत सिंह इन दिनों विवादों में हैं। 25 साल की नौकरी में डेढ़ सौ से भी ज्यादा सम्मान और अवॉर्ड पाने वाले रंजीत की छवि को एक इंस्टाग्राम गर्ल राधिका के साथ उनकी बातचीत वायरल होने के बाद नुकसान पहुंचा है।
Author: Shabd Agni
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