शब्द अग्नि न्यूज़ । । बैतूल जिले में बेटे ने अपने मां-बाप और भाई को मार डाला। पांच साल के भांजे को भी मारने की कोशिश की। मर्डर के बाद दरवाजा बंद कर लाशों के पास बैठा रहा। फर्श और दीवारों पर खून के कतरे बिखरे मिले हैं। मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है। जानकारी के मुताबिक, मृतकों की पहचान पिता राजू उर्फ हंसू धुर्वे (55), मां कमलती धुर्वे (40) और भाई दिलीप धुर्वे (40) के रूप में हुई है। तीनों सांवगा गांव के रहने वाले थे। वहीं 5 वर्षीय भांजे प्रशांत परते गंभीर बताई जा रही है।
पड़ोसियों के मुताबिक गुरुवार दोपहर तक दरवाजा घर का दरवाजा नहीं खुला तो अनहोनी का शक हुआ। पड़ोसियों ने दरवाजा खटखटाया, लेकिन किसी ने नहीं खेला। जब ग्रामीण दरवाजा तोड़कर घर के अंदर गए, तो आरोपी दीपक धुर्वे घटनास्थल पर ही मौजूद थ इस दौरान वह तीनों शवों के पास चुपचाप बैठा मिला। मौके पर एक बिल्ली का शव भी मिला है। आशंका है कि बिल्ली को भी मार दिया है। वारदात की जानकारी पड़ोसियों ने फौरन कोतवाली पुलिस को दी। सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। पड़ोसियों ने पुलिस को बताया कि दीपक का मानसिक संतुलन पिछले 4-5 साल से ठीक नहीं था। वह हाल ही में नागपुर से इलाज कराकर लौटा था। वह परिवार में सबसे बड़ा है। सीआरपीएफ भर्ती परीक्षा भी दी थी।
चचेरी बहन शांता ने बताया कि दीपक होशियार स्टूडेंट था। 12वीं क्लास में टॉप करने के बाद वह घर पर ही रहता था। उसने कई एप्लीकेशन भरे, लेकिन उसका सिलेक्शन नहीं हुआ। शायद उसने यह बात दिल पर ले ली, जिसका उसके मन पर गहरा असर हुआ। चचेरी बहन ने बताया कि दीपक बीमार रहने लगा था। उसका छोटा भाई भी पढ़ाई पूरी करने के बाद फैब्रिकेशन का काम करने लगा। उसने CRPF में सिलेक्शन के लिए भी अप्लाई किया था, लेकिन वह कुछ नंबरों से चूक गया। इसके बाद उसका छोटा भाई मजदूरी करने लगा।
Author: Shabd Agni
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