शब्द अग्नि न्यूज़ । इंदौर। भारत की सबसे बड़ी संस्था एसोसिएशन ऑफ़ फिजिशियंस ऑफ़ इंडिया के एम पी चैप्टर द्वारा एमपी एपिकॉन का आयोजन एक निजी होटल में संपन्न हुआ। संस्था के अध्यक्ष डॉ. पी. सी. मनोरिया (भोपाल) ने सभी को सम्मानित एवं संबोधित करते हुए कहा कि ये गतिविधिया नॉलेज शेयरिंग के लिए बहुत जरूरी है। यह जानकारी प्रो. (डॉ.) राजेश झा ने दी।
इस मौके पर मधुमेह विशेषज्ञ डॉ. राजेश अग्रवाल ने वेट लॉस दवाई सेमग्लूटाइड के बारे में विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि इस दवाई का कब कहाँ और कैसे उपयोग किया जा सकता है और ये डायबिटीज रिवर्सल में मदद कर सकती है। डॉ. अग्रवाल ने कहा कि इमेग्लिमिन एक यूनिक डायबिटीज दवाई है. जो वर्तमान दवाइयों से अलग कार्य करती है। डॉ. सुबोध बांजल ने बताया कि सम्मेलन में 450 चिकित्सकों ने भाग लिया, जिसमे निमाड़ के डॉ. संजय श्रीवास्तव, उज्जैन से डॉ. डीएस राणा विशेष रूप से उपस्थित थे।
Author: Shabd Agni
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