शुरुआती दावों पर उठे सवाल आखिर हुए सही साबित; चार नहीं, छह निकले बदमाश
शब्द अग्नि अनुराग बजाज
दमोह।
दमोह-छतरपुर स्टेट हाईवे पर देहात थाना क्षेत्र के सूखी पिपरिया गांव में गल्ला व्यापारी विजय जैन के घर 4 जुलाई की रात बंदूक और धारदार हथियारों की नोक पर हुई सनसनीखेज डकैती का आखिरकार पुलिस ने खुलासा कर दिया है। हालांकि इस खुलासे के साथ ही पुलिस के शुरुआती दावों पर भी बड़े सवाल खड़े हो गए हैं।
जिस वारदात में पुलिस शुरुआत से केवल चार आरोपियों के शामिल होने की बात कह रही थी, उसी मामले में अब पुलिस ने स्वयं स्वीकार किया है कि डकैती को छह बदमाशों ने मिलकर अंजाम दिया था। यानी जिस बात का दावा पीड़ित परिवार लगातार कर रहा था, वह जांच पूरी होने के बाद सही साबित हुई।
घटना के बाद पुलिस आरोपियों की संख्या से लेकर लूटे गए माल तक को लेकर लगातार विरोधाभासी जानकारी देती रही। पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगी ने 10 तोला से अधिक सोना लूटे जाने की बात कही थी, जबकि सीएसपी एच.आर. पांडे ने करीब 8 तोला सोने का उल्लेख किया। दूसरी ओर पीड़ित परिवार और स्थानीय मीडिया लगातार लगभग 20 तोला सोना, चांदी और नगदी सहित करीब 25 लाख रुपये की डकैती का दावा करते रहे। पुलिस के ताजा खुलासे के बाद शुरुआती जांच और सूचनाओं की विश्वसनीयता पर भी सवाल उठने लगे हैं।
पुलिस ने इस मामले में शंकर यादव और राहुल अहिरवार को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में दोनों ने अपने चार अन्य साथियों के साथ मिलकर डकैती की वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल, एक देशी कट्टा, धारदार कटर तथा सोने-चांदी के जेवर सहित करीब साढ़े आठ लाख रुपये का मशरूका बरामद किया है। शेष चार आरोपियों की तलाश अभी जारी है।
हालांकि पुलिस ने डकैती का खुलासा कर अपनी जांच को सफलता तक पहुंचा दिया है, लेकिन यह मामला एक बड़ा सवाल भी छोड़ गया है। यदि शुरुआत में ही पीड़ित परिवार द्वारा बताए गए छह आरोपियों की बात को गंभीरता से लिया जाता, तो क्या जांच की दिशा पहले ही स्पष्ट हो सकती थी? इसी तरह लूटे गए माल के संबंध में सामने आए अलग-अलग दावों ने भी पुलिस की प्रारंभिक जांच और सूचना तंत्र की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिह्न लगा दिए हैं। अब पुलिस के सामने चुनौती केवल फरार चार आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं, बल्कि इस हाई-प्रोफाइल मामले में उठे सवालों का भी संतोषजनक जवाब देना है।
Author: Shabd Agni
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