रैली निकालकर पूरे गांव ने किया आदरणीय ‘नए सर’ का भव्य स्वागत, जगह-जगह हुई पुष्पवर्षा**
शब्द अग्नि / ऋषभ सेन
बैरसिया।। 28 वर्षों की अनुकरणीय सेवाओं के बाद हुए सेवानिवृत्त, शिक्षा और संस्कारों से बदली गांव की सूरत झिरनिया (छापरी) ग्राम झिरनिया में आज का दिन बेहद भावुक और ऐतिहासिक रहा। शिक्षा की अलख जगाने वाले और ग्रामीणों के दिलों में विशेष स्थान रखने वाले शिक्षक डी. के. डेनियल (‘नए सर’) के सेवानिवृत्ति सम्मान समारोह का भव्य एवं भावनात्मक आयोजन किया गया। इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बनने के लिए पूरा गांव उमड़ पड़ा। उनके सम्मान में पूरे ग्राम में एक भव्य स्वागत यात्रा (रैली) निकाली गई, जिसमें ग्रामवासियों, पूर्व विद्यार्थियों, शिक्षक शिक्षिकाओं, महिलाओं एवं बच्चों ने गाजे-बाजे और पूरे उत्साह के साथ भाग लिया।
रैली के दौरान ग्रामीणों ने जगह-जगह मंच बनाकर और घरों की छतों से अपने प्रिय गुरु पर पुष्पवर्षा की तथा नम आंखों से विदाई दी। 28 वर्षों का बेदाग और गौरवशाली सफर,उल्लेखनीय है कि डी. के. डेनियल ने 16 सितम्बर 1998 से 30 जून 2026 तक, लगभग 28 वर्षों तक निरंतर ग्राम झिरनिया में अपनी सेवाएं प्रदान कीं। उन्होंने न केवल विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान दिया, बल्कि पूरे ग्राम को शिक्षा, संस्कार, अनुशासन एवं सामाजिक समरसता की एक नई दिशा दिखाई। उनके अथक और निस्वार्थ प्रयासों के चलते ही आज ग्राम झिरनिया शिक्षा के क्षेत्र में आसपास के अंचलों के लिए एक अनुकरणीय मिसाल बना हुआ है।
Author: Shabd Agni
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