शब्द अग्नि मनोज जैन कलाकार
अशोकनगर। मध्यप्रदेश दिगंबर जैन समाज बाहुल्य राज्य है जिसे संतों की साधना स्थली माना जाता है। आचार्य भगवन महामुनिराज विद्यासागर जी ने बुंदेलखंड को अपनी तपस्या स्थली बनाया था, यही कारण है कि यहां संतों का निरंतर विहार होता रहता है लेकिन पिछले कुछ समय से सागर और अशोकनगर में असामाजिक तत्व सक्रिय हैं, जो सोशल मीडिया पर संतों के खिलाफ दुष्प्रचार कर माहौल खराब कर रहे हैं। इस मामले में अशोकनगर जैन समाज के अध्यक्ष राकेश कांसल ने बीती 3 जून को कोतवाली थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस अधीक्षक राजीव मिश्रा एवं कोतवाली थाना प्रभारी ने सागर से दो मुस्लिम और एक अन्य युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
जैन समाज के ही लोग आरोपी निकले,, मुस्लिम युवकों के नाम पर मोबाइल सिम ले रखी थी
प्रारंभिक जांच में जो सच सामने आया है उसमें पता चला है कि सागर और अशोकनगर के जैन समाज के ही कुछ लोग गिरोह बनाकर व्हाट्सऐप ग्रुपों पर आपत्तिजनक पोस्ट डाल रहे थे। इस घिनौनी साजिश को अंजाम देने के लिए आरोपियों ने मुस्लिम युवकों के नाम पर मोबाइल सिम ले रखी थी ताकि समाज में सांप्रदायिक तनाव फैलाया जा सके। इस घटना के बाद से जैन समाज की चिंताएं काफी बढ़ गई हैं। समाज का मानना है कि आरोपी जिस तरह जैन संतों को बदनाम करने के लिए मुस्लिम युवकों को ढाल बना रहे हैं उससे यह आशंका सच साबित हो सकती है कि ये लोग अपराधियों के जरिए संतों पर जानलेवा हमला भी करवा सकते हैं। इसी को लेकर सोमवार को जैन समाज ने पुलिस अधीक्षक राजीव कुमार मिश्रा को ज्ञापन दिया है।
Author: Shabd Agni
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